जोड़ों में दर्द हाथ पैरों में सूजन है ,तो हो सकती है यूरिक एसिड होम्योपैथिक में है सफल इलाज

आजकल के जीवन में खराब खानपान, आलस्य, तनाव और अव्यस्थित जीवन-शैली के कारण लोग ऐसी बीमारियों की चपेट में आ जाते हैं, जिनका शिकार पहले बड़े-बुजुर्ग हुआ करते थे। ऐसी ही एक बीमारी है यूरिक एसिड के स्तर का बढ़ना वरिष्ठ होम्योपैथ चिकित्सक डॉ हेमंत श्रीवास्तव ने बताया हाई यूरिक एसिड के कारण जोड़ों में दर्द, सूजन, , पेट में परेशानी, बार-बार पेशाब आना, उठने-बैठने में परेशानी, पैरों और हाथों की उंगलियों में चुभन वाला दर्द और सूजन समेत कई तरह की समस्याएं होने लगती है , डॉ .हेमंत श्रीवास्तव ने बताया ,हमें अपने भोजन में हाई प्रोटीन की मात्रा को कम करना होगा जिससे हम इस प्रकार की बीमारी से बच सकते हैं हाई प्रोटीन डाइट में गाढ़ा दाल ,पनीर ,सोयाबीन ,मांस, मछली अंडा हाई प्रोटीन भोजन प्रायः होती हैं अगर हम इन चीजों को थोड़ा सा कटौती कर दें तो निश्चित रूप से हमें यूरिक एसिड में लाभ मिलेगा ,तथा साथ ही साथ हम लोगों को ज्यादा से ज्यादा पानी, नींबू पानी की मात्रा बढ़ा देनी चाहिए अगर हम अपने खान-पान और जीवनशैली में सुधार करें तो निश्चित रूप से इस तरह की बीमारियों से बच सकते हैं होम्योपैथिक में इस बीमारी का अच्छा और सरल तरीका उपलब्ध है होम्योपैथी दवाइयां बिना किसी दुष्प्रभाव के यूरिक एसिड को समाप्त कर देती हैं और उससे होने वाली तकलीफों से राहत दे देती हैं!